
दि ग्राम टुडे, कानपुर ।देशभर में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है और उत्तर भारत समेत कई राज्यों में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन सुनील पांडे के अनुसार मुख्य मानसूनी रेखा वर्तमान समय में 22°N/60°E और 22°N/65°E के समुद्री बिंदुओं से गुजरते हुए गुजरात के जामनगर, राजस्थान के उदयपुर, अजमेर और झुनझुनू, हरियाणा के हिसार, पंजाब के बठिंडा होते हुए 32.5°N/70°E तक बनी हुई है। मानसूनी रेखा की यह स्थिति उत्तर और मध्य भारत में व्यापक वर्षा गतिविधियों को बढ़ावा दे रही है।
डॉ. एसएन सुनील पांडे ने बताया कि मानसून अब मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के सभी हिस्सों को पूरी तरह कवर कर चुका है। इसके प्रभाव से इन राज्यों में लगातार बादल छाए रहने, तेज हवाओं और मध्यम से भारी बारिश की संभावना बनी हुई है।

उन्होंने कहा कि राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के कई इलाकों में मानसूनी गतिविधियां तेज हो सकती हैं, जबकि उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में अगले कुछ दिनों तक रुक-रुक कर भारी बारिश देखने को मिल सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और जलभराव जैसी स्थितियों को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक मानसून की सक्रियता कृषि क्षेत्र के लिए लाभकारी साबित हो रही है। धान, मक्का और अन्य खरीफ फसलों की बुवाई में तेजी आई है, जिससे किसानों के चेहरे पर राहत दिखाई दे रही है। हालांकि लगातार बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव और स्थानीय बाढ़ की स्थिति भी उत्पन्न हो सकती है।
डॉ. एसएन सुनील पांडे ने बताया कि आगामी दिनों में मानसून की रेखा उत्तर भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में सक्रिय बनी रहेगी, जिससे कई राज्यों में अच्छी बारिश दर्ज होने की संभावना है। मौसम विभाग लगातार परिस्थितियों पर नजर बनाए हुए है और लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर ध्यान देने की अपील की गई है।






