विविध

मंगलमाया छंद मेंआयी दुर्गा माँ

आयी माँ नवरात्र,लगे हमको प्यारी।   करते पूजा-पाठ,दिखे हर दिन न्यारी।।   माँगें हैं वरदान,जुड़े सदैव नाता।   करना घर-जग शांति,कृपा प्रसाद भाता।।   नौ रूपों में भक्त, करे हैं नित पूजा।   सजते...

महाकवि रामधारी सिंह दिनकर जन्म जयन्ती विशेष

रामधारी सिंह "दिनकर" कवि थे, क्रान्तिकारी भारत के लाल। ये प्रहरी धीर सजग हिमाद्री के, कलम युगों तक है निहाल।।   जन-गण में भावना देशभक्ति की, जागृत...

कलम का वह सिपाही

माटी की गंध लिए जो निकला, शब्दों का वह साधक था, जन-जन के दुःख को लिखने वाला, कलम का वह नायक था। धनपत राय से प्रेमचंद...

आंगन की आखिरी चिड़िया

*अंक–29 : शहनाई के बीच एक सन्नाटा!*   बरसात थम चुकी थी, लेकिन चाची के जीवन में जैसे एक तूफान अभी भी बाकी था।   जिस घर में...

हिंदी साहित्य का इतिहास

*हिंदी साहित्य का इतिहास - छायावाद के कवि प्रसाद और पंत विषयक 20वीं राष्ट्रीय ऑनलाइन संगोष्ठी सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई*   वागीश्वरी काव्य निर्झरिणी, प्रयागराज (उ.प्र.) के...

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